Part -1
this note is part one due to some technical problem could not write more .. & software problem ki vajah se kuch words hindi me nahi ho paye ya koi spelling mistake ho to maaf kijiyega ...
& PLEASE GIVE YOUR COMMENTS ON THIS NOTE ...
भारत ... एक महान देश ... हजारो सालो की परम्परा कहानी... संस्कृति .....और विरासत ..जोतना गर्व करे कम है ।
झर्रे ही एक कहानियां है ..हर जगह की एक अहेमियत है ॥ और हर बात का एक मतलब है । शायद दुनिया के हर देश की कहानी ऐसी ही है । लेकिन भारत हिंदुस्तान सब से अलग है। अब आप पूछेंगे ये केसे .तो ये लेख यही बात कहने के लिए है ।
अमेरिका ,यूरोप ,चाइना, जापान , रशिया , और कई बड़े नाम जिन के साथ इंडिया अपने आप को रखने की कोशिश जब से आजाद हुआ तब से कर रहा है । और करना भी चाहिए । आखिर क्या नही है हमारे पास ..इतना बड़ा देश । भ्रष्ट नेता । डरपोक लोग । जो सिर्फ़ धर्म के नाम पर मार काट करते हो। आज भी कई लोग जो अपने अलावा किसी और का नही sochate , बाढ़ आई कही .अपने yaha to नही आएगी न fikar क्यो । Bomb blast हुआ वो तो बड़े shahero me होता है . yaha कौन आएगा । अपने एक काम के लिए pese खिला देंगे न । हो जाएगा ... इतने सारे राज नेता । जो khurshi पे आने के लिए कुछ भी Vaade करेंगे .और chunav के बाद । अपने और अपने घर के लोगो के fayde के लिए ऐसे काम करेंगे जो देश और देश के Hito me हो न हो ... उनके hit me होंगे ।
देश me pollution control board bana है । जिसका काम के देश me हो रहे pradushan pe niytran रखना ।
police बनाई गई है ॥ jurm को rokne के लिए । सरकारी karyalay बने है लोगो की मदद के लिए .school collage बनी है लोगो की पढ़ाई के लिए । PWD bana है road और saher के baaki cunstruction kaamo के लिए । और ऐसी लम्बी list है । अब एक sawal की इस me से एक भी thik से काम क्यो नही कर रहा ...
तो जवाब है वो कई सो साल । अब आप sochenge वो कई सो साल लेकिन कितने साल ?
तो jwab है शायद ८०० या ९०० या उससे भी jyada ।
sone की chidiya kahelane wale इस देश की ये halat । जी हा
Pahle तो अमेरिका को azad हुए २०० से jyada साल हो chuke है ।
russina , जापान , chin , और Europe अपने आप को भारत azad हुआ उसके pahle से sabit कर चुके है ।
लेकिन भारत । पिछले कई सो सालो से gulami me रहा देश है । pahle mughal ... fir portugies,Dutch, firangi , और french bharat की ये कहानी inhi से जुड़ी है । पिछले ८०० साल यानि की kariban san १२०० से ले कर । saal १९४५ तक भारत की janta किसी न किसी की gulami me रही है ।
अब आप कहेंगे sari दुनिया किसी न किसी की gulami me रही है । तो आप ग़लत नही है । लेकिन bharat की manshikta आज भी gulami me jine wale लोगो की jyada hai । आज भी सरकारी kamo me कोई आम आदमी sawal नही उठाता आज भी सरकारी babu ओ को ऐसे देखा jata है jese वो अंग्रेज officer हो और hamre सरकारी babu अपने आप को । janta के सेवक नही । janta को अपना Gulam samajate है ।
हर aam आदमी इनकी kitkit से बचने के लिए उनकी mang पुरी करते है । bhrshtachar सिर्फ़ pese देना नही है । gaon me teachers को या सरकारी babu ओ को खाने pine की chize देना ।
वो ८०० सालो ने bhart की जो mansikta बनाई है .उससे bahar आने me शायद और ५० साल लग जायेंगे ।
आज भी आम आदमी । kariban ८० % लोगो की अपनी ख़ुद की सोच नही है या उसे istemal करना nahi चाहते आज भी अगर कही पे काम हो रहे है । milavat हो रही है । लोग puchne की himmat नही करते
RTI act बने इतना टाइम हो गया इसे isntemal सिर्फ़ २ % लोगो ने किया होगा ।
अच्छे से अच्छा आदमी rajkaran me jake भ्रष्ट हो jata है । या bana दिया jata है । आज भी सिर्फ़ १० % लोग jinke पास pesa और power है । अपने fayade के लिए ९० % लोगो के साथ dhoka करने से नही katrate क्यो की उनकी कोई jawabdehi नही बनती । इस लिए नही के sanvidhan ने unhe ये haq दिया है । इस लिए के हम me से कोई puchhane wala नही है । जितने भी हमारे देश की भलाई के लिए sanstahan बने है । sare Afsar अपने fayde के लिए देश को nark me bhej रहे है ।
..... CONTINUE ......
SHARAD ACHARYA
बहुत सुन्दर लिखा है आपने । लिखते रहे ।
ReplyDeleteगुलमोहर का फूल
ख्यालात तो बहुत अच्छे ह। अब आज के युवाओं पर ही एक आशा है कि वो कमान अपने हाथ मे ले कर इन सभी नेताओं की छुट्टी करें और भ्रश्ट लोगों पर नकेल कसें तभी किछ हो सकता है ।ाच्छा आलेख है स्वागत है आपका शुभकामनायें
ReplyDeleteआपका हिन्दी चिट्ठाजगत में हार्दिक स्वागत है. आपके नियमित लेखन के लिए अनेक शुभकामनाऐं.
ReplyDeleteएक निवेदन:
कृप्या वर्ड वेरीफीकेशन हटा लें ताकि टिप्पणी देने में सहूलियत हो. मात्र एक निवेदन है बाकि आपकी इच्छा.
वर्ड वेरीफिकेशन हटाने के लिए:
डैशबोर्ड>सेटिंग्स>कमेन्टस>Show word verification for comments?> इसमें ’नो’ का विकल्प चुन लें..बस हो गया..कितना सरल है न हटाना
Sir i have done setting as you said i am sorry for late reply as i was out of Touch from this Thanks for comment
Deleteहुज़ूर आपका भी एहतिराम करता चलूं.........
ReplyDeleteइधर से गुज़रा था, सोचा, सलाम करता चलूं....
aap sab ka dhanyavad yaha ... i use .. crome so there is problem in writing in hindi ... will try to do what usan sir said to do ...
ReplyDeletethanks to all of you
---- चुटकी----
ReplyDeleteकरवा चौथ का
रखा व्रत,
कई सौ रूपये
कर दिए खर्च,
श्रृंगार में
उलझी रही,
घर से भूखा
चला गया मर्द।
I think above comments have said so much that there is hardly anything left for me to speak. Meri hindi itni jyada achhi nahi hai par keh sakti hoon jis dhara ya lay ke saath likhi gayee hai...woh tarif ke kawil hai....hope you keep writing...
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